Wednesday, June 29, 2022
Tel: 9990486338
Home देश जीवन संवाद: कहना और सहना !

जीवन संवाद: कहना और सहना !

जिस रिश्ते में इस डर से कभी कुछ नहीं कहा जाता कि रिश्ता टूट जाएगा. वह रिश्ता जीवन के लिए कभी सुखद नहीं हो सकता. उसकी नींव पर किसी रिश्ते की इमारत बहुत दिन नहीं टिक सकती!

मन में कितना कुछ उमड़ता-घुमड़ता रहता है. हम अलग-अलग रिश्तों में रहते हुए जितना कहते नहीं है, उतना सहते हैं. उससे कहीं अधिक दिल में दबाए रखते हैं. इससे मन और आत्मा दोनों भारी होने लगते हैं. असल में बहुत जरूरी है कि हम जिन चीजों से परेशान हों, उन्हें व्यक्त जरूर करें. कह दें. जिस रिश्ते में इस डर से कभी कुछ नहीं कहा जाता कि रिश्ता टूट जाएगा. वह रिश्ता जीवन के लिए कभी सुखद नहीं हो सकता. उसकी नींव पर किसी रिश्ते की इमारत बहुत दिन नहीं टिक सकती!

इसलिए, कहना जरूरी है! लेकिन कहने का अर्थ यह नहीं कि हम सहने से बहुत दूर चले जाएं. आधुनिकता के जो गलत अर्थ हमने समझ लिए हैं, उनमें से एक है एक-दूसरे को सहने से दूर होते चले जाना. पति-पत्नी ही नहीं, भाई- बहन, सहकर्मी, सास-बहू. ऐसा कोई भी रिश्ता नहीं है, जिसमें एक दूसरे को ‘सहे’ बिना आगे बढ़ा जा सके. यहां यह ध्यान रखना है कि सहना का अर्थ किसी व्यक्ति के दुर्व्यवहार से नहीं है. उसके प्रति घृणा और अनादर से नहीं है. किसी व्यक्ति को सहने से अर्थ है, उसकी अपने अनुकूल न लगने वाली जीवनशैली/निर्णय के बाद भी उसका साथ देना.

दरअसल हमने साथ देने को रजामंदी से बहुत ज्यादा जोड़ लिया है. अगर मैं आपके विचारों से सहमत नहीं हूं, तो इसका अर्थ यह नहीं हुआ कि मैं आपके साथ नहीं हूं. असली रिश्ता वही है जिसमें असहमत होकर भी प्रेम कम न हो.

मेरे बहुत ही प्रिय मित्र हैं. उनका आपने चाचा जी के साथ अनेक विषयों पर गहरा मतभेद रहा. इतना गहरा कि दोनों एक दूसरे को देखते ही अपने-अपने तर्कों से एक-दूसरे को हराने के प्रयास का कोई मौका नहीं छोड़ते. लेकिन इसके बाद भी दोनों ने कभी दूसरे का अनादर नहीं किया. दोनों के मन में एक-दूसरे के प्रति गहरी असहमति थी लेकिन इसके मायने यह नहीं कि उनका प्रेम कम हो गया.

मैं बहुत विश्वास के साथ यह कहता हूं कि मैंने ऐसे रिश्ते बहुत कम देखे. कुछ दिनों पहले मेरे एक विश्व यात्री मित्र ने नॉर्वे के एक ऐसे दंपत्ति से परिचय कराया था, जिनमें रिश्तों को लेकर गहरा प्रेम था. वह एक अनूठा समूह था, जिसमें एक साथ ऐसे लोग जिन्होंने दूसरे का साथ छोड़ दिया था फिर भी वह एक-दूसरे के प्रति आदर से भरे हुए थे. लेकिन दोनों एक-दूसरे को बहुत अच्छे से समझते हैं. इससे भी बढ़कर वह एक-दूसरे को सहना जानते हैं. सहने का अर्थ है, असहमति को स्वीकार करना प्रेम के साथ! लेकिन दोनों कभी भी अपने मन की बात कहने से पीछे नहीं हटे. अपने-अपने मन की बात कहते रहे.

इसके उलट ज्यादातर संबंध हम कैसे देखते हैं! एक दूसरे की हां में हां मिलाते रहना कि किसी तरह से साथ चलता रहे. ऐसे साथ चलते नहीं बल्कि घिसटने लगते हैं. साथ रहना केवल ज़रूरत बन जाता है, औपचारिकता बन जाता है. मन में कुंठा, अनादर, गुस्से, बदले की भावना बढ़ती ही जाती है. बीमार मन, बीमार शरीर को रचता है.

मन की शुद्धता का बहुत जरूरी कदम है, स्वयं को दूसरे के आचरण से मुक्त करना. जिसने ऐसा खुद करके देखा है. वही इसके स्वाद को समझ सकता है. इस अनुभव को बताना कठिन है, लेकिन महसूस करना और जीना उतना मुश्किल नहीं जितना हम समझते हैं.

तो आइए, कहने का अभ्यास कीजिए. लेकिन उसके साथ ही एक दूसरे को सहने का भी. सहने के बिना कहने का अर्थ बहुत देर तक नहीं रहेगा. शुभकामना सहित ….
ई-मेल: dayashankarmishra2015@gmail.com. आप अपने मन की बात फेसबुक और ट्विटर पर भी साझा कर सकते हैं. ई-मेल पर साझा किए गए प्रश्नों पर संवाद किया जाता है.

नोट: जीवन संवाद एक वेब सीरीज है जो कि डिप्रेशन के शिकार लोगों को नई उंग और जीवन जीने के तरीके को बताती है। जीवन संवाद के लेखक दयाशंकर मिश्रा जी हैं। श्री मिश्रा देश के कई बड़े और नामी गिरामी चैनलों में शीर्ष पदों पर सेवा दे चुके हैं। इस लेख को श्री मिश्रा के फेसबुक से साभार लिया गया है।

Avatar
ए. के. शुक्लाhttps://www.khabar4india.com
एके शुक्ला लगभग 5 वर्षों से मीडिया में सक्रिय हैं और खबर4इंडिया, खबर4यूपी और भड़ास4नेता के फाउंडर और संपादक हैं। शुक्ला कई समाचार चैनलों में विभिन्न पदों पर काम कर चुके हैं। शुक्ला बेखौफ और परिणाम की चिंता किए बिना जन सरोकार से जुड़ी पत्रकारिता करते रहे हैं। खबर4इंडिया का व्हाट्सएप ग्रुप जॉइन करने हेतु दिए गए लिंक का इस्तेमाल करें https://chat.whatsapp.com/BMNjNQpHZveBAPiyqwQIAO इस समाचार से जुड़े शिकायत एवं सुझाव हेतु मो. न. 9990486338 पर सम्पर्क किया जा सकता है।

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

Most Popular

सुल्तानपुर नवागत पुलिस अधीक्षक सोमेन वर्मा ने गिनाई प्राथमिकताएं

सुल्तानपुर नवागत पुलिस अधीक्षक सोमेन वर्मा ने गिनाई प्राथमिकताएं सुलतानपुर जिले का कार्यभार संभालने के बाद पहली बार मीडिया से रूबरू हुए नवागत पुलिस अधीक्षक...

सुल्तानपुर :- अंतिम संस्कार के लिए लखनऊ से वाराणसी जा रही मिनी बस सांड़ से टकराकर बाईपास पर पलटी :- ड्राइवर समेत दो की...

लखनऊ से अंतिम संस्कार के लिए वाराणसी जा रही मिनी बस पलटने तीन की हुई मौत। जनपद के स्थित बाईपास पर सांड के टकराने से...

सुल्तानपुर :- पुलिस की डायरी आज की कार्यवाही दिनांक 27 जून 22

*प्रेस नोट -173* *दिनांक 27.06.2022* *जनपद – सुलतानपुर*   * पुलिस अधीक्षक जनपद सुलतानपुर द्वारा अपराध एवं अपराधियों के विरुद्ध चलाए जा रहे अभियान के तहत, अपर पुलिस...

सुल्तानपुर :- गोमती मित्रों द्वारा जनपद का नाम रोशन करने वाले छात्र एवं छात्राओं का किया गया सम्मान :- अखंड नगर के कलान की...

गोमती मित्रों द्वारा जिले की छात्राओं द्वारा सर्वोच्च अंक प्राप्त करने पर किया गया सम्मान।  गोमती मित्र मंडल द्वारा पूर्व में किया गया था घोषणा...